अमित शाह जी की जीवनी | Amit shah’s bio and wiki in hindi

  आज हम जानेंगे राजनीती के चाणक्य कहे जाने वाले अमित शाह के जीवन के बारे में

अमित शाह आज हम बात करेंगे भारत के गृहमंत्री श्री अमित शाह जी (Amit shah in hindi) के बारे में, जो भारतीय राजनीति में अपना एक अलग ही स्थान रखते हैं, वे वर्तमान में भारत के गृह मंत्री के रूप में कार्यरत है। वह पूर्व में भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी के महासचिव के रूप में कार्य कर चुके हैं।



अमित शाह जी  का जन्म कहां हुआ। | Birth of Amit Shah

अमित शाह जी (Amit shah hindi) के जन्म  महाराष्ट्र राज्य की मुंबई शहर मैं 12 अक्टूबर सन 1964 को एक गुजराती व्यापारिक उनके परिवार में हुआ जो गुजरात से ताल्लुक रखते थे इनके पिता एक रईस व्यक्ति थे इनका परिवार गुजराती वैष्णव बनिया परिवार था अमित शाह जी (Amit shah in hindi) मूल रूप से  गुजरात के पाटण जिले के चँन्दूर के रहने वाले थे।



अमित शाह की व्यक्तिगत जानकारी
वास्तविक नाम अमित शाह
उपनाम
व्यवसाय राजनेता
जन्मतिथि 12 अक्टूबर सन 1964
जन्मस्थान महाराष्ट्र राज्य की मुंबई शहर
धर्म हिन्दू
जाति ज्ञात नहीं है

अमित शाह जी  का परिवार में कौन-कौन है | Amit Shah’s family

अमित शाह जी के पिताजी (amit shah’s father) का नाम ‘अमित अनिल चंद्र शाह’ था, तथा उनकी माता (amit shah mother)का नाम ‘कुसुम बेन शाह’ था, उनके पिताजी एक उद्यमी थे, जो एक रईस व्यक्ति थे, उनका प्लास्टिक के पाइप का कार्य था 
उनकी माताजी कुसुम के कार्य के बारे में कोई जानकारी नहीं है, अमित शाह जी को 6 बहने थी और इन्हें कोई भाई नहीं था यह 6 बहनों के इकलौते भाई थे.



अमित शाह की पत्नी और बच्चे के नाम क्या है | Amit Shah’s wife and children

अमित शाह जी की शादी महाराष्ट्र के कोल्हापुर में जन्मी सोनल शाह (amit shah’s wife) से सन 1987 को मात्र 23 वर्ष की आयु में हुई थी, इनकी शादी एक अरेंज मैरिज थी, सोनल शाह से ने अपनी शिक्षा राजकुमारी पद्मराजे गर्ल्स हाई स्कूल, कोल्हापुर, महाराष्ट्र से प्राप्त की।
अमित शाह और सोनल शाह के घर 2 सितंबर सन 1988 में एक पुत्र (son of amit shah) रत्न जन्म लिया जिसका नाम उनके द्वारा जय शाह रखा गया। जिन्होंने आगे चलकर अहमदाबाद के निर्माण विश्वविद्यालय से प्रौद्योगिकी में स्नातक पूर्ण किया और जो वर्तमान 2020 में एक सफल उद्योग  और क्रिकेट प्रशासक के पद पर कार्य कर रहे हैं,फरवरी 2015 में, शाह ने पारंपरिक गुजराती समारोह में अपने कॉलेज की ही दोस्त ऋषिता पटेल से शादी की।



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अमित शाह जी ने अपनी शिक्षा कहां से प्राप्त कि हैं

अमित शाह की शुरुआती शिक्षा मेहसाणा में ही हुई और मेहसाणा से अपने शुरुआती शिक्षा पूर्ण करने के बाद वे बॉयोकेमिस्ट्री की पढ़ाई करने के लिए अमदाबाद आ गए,  
सी यू शाह साइंस कॉलेज अहमदाबाद से इन्होंने बायोमेट्रिक में बीएससी की परीक्षा उत्तीर्ण की
अपनी पढ़ाई पूर्ण करने के बाद वे अपने परिवारिक उद्योग में अपने पिता के साथ उनका हाथ बंटाने लगे



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अमित शाह का प्रारंभिक केरियर कहां से शुरू

सी यू शाह साइंस कॉलेज अहमदाबाद से इन्होंने बायोमेट्रिक में बीएससी की परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद उन्होंने कुछ समय तक स्टॉकब्रोकर का काम  किया. और फिर अपने  एक्सपीरियंस के दम पर उन्होंने कई को-ऑपरेटिव बैंकों में भी काम किया.
 अमित शाह जी (Amit shah hindi) ने अपने कॉलेज के दिनों से ही राजनीति में जाने का मन बना लिया था, तथा देश की सेवा के लिए मैं बचपन से ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़ चुके थे
सन 1983 में अमित शाह जी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) में जुड़ चुके थे 3 वर्ष अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद में संयुक्त सचिव के रूप में कार्य करने के बाद सन 1986 में अमित शाह जी भारतीय जनता पार्टी में सम्मिलित हुए और बीजेपी के लिए प्रचार करने का काम यहां से आरंभ हुआ
इसके बाद वे सन 1989 में उन्हें गुजरात में अहमदाबाद शहर में भारतीय जनता पार्टी के सचिव के पद पर कार्य करने का अवसर प्राप्त हुआ इसके बाद भी 1995 को गुजरात राज्य वित्त निगम के अध्यक्ष बने।



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अमित शाह जी ने पहला चुनाव कब लड़ा था।

अमित शाह जी (Amit shah hindi) ने अपने जीवन में विधानसभा का पहला चुनाव  सन 1997 में पार्टी द्वारा सरखेज विधान सभा सीट से टिकट दिए जाने के बाद लड़ा, जिसमें उन्होंने लगभग 25000 वोटों से जीत हासिल की, इस जीत के बाद इन्हें भारतीय जनता युवा मोर्चा का कोषाध्यक्ष बना दिया गया, जिसके बाद वे पुनः तीन बार इसी सीट से चुनाव लड़े और  जीत हासिल की
सरखेज विधानसभा से प्रत्येक बार चुनाव लड़ने की जीत के उपरांत इन्हें भारतीय जनता पार्टी द्वारा किसी न किसी पद पर कार्यभार सौंपा गया जिसमें क्रमवार यह पहले गुजरात राज्य के उपाध्यक्ष बने, फिर अहमदाबाद जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष के रूप में चुने गए। इसके उपरांत वे भाजपा के राष्ट्रीय संयोजक सहकारिता प्रचारक बनाया गया, अमित शाह को गौरव यात्रा का सह-आयोजक बने।
सरखेज विधानसभा से कांग्रेस उम्मीदवार हिमांशु विठ्ठलभाई पटेल को 1,58,036 मतों के अंतर से हराने के बाद अमित शाह जी को गृह, परिवहन के प्रमुख मंत्रालय दिए गए। इसी समय राज्य में वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र भाई मोदी मुख्यमंत्री हुआ करते थे, वे राज्य के चेस एसोसिएशन के अध्यक्ष भी रहे चुके हैं.
2007 के विधानसभा चुनाव में सरखेज विधानसभा सीट से कांग्रेस उम्मीदवार शशिकांत वी.पटेल (भूराभाई) को उन्होंने लगभग 2,32,832 वोटो से हराने के बाद उन्हें राज्य के कई महत्वपूर्ण मंत्रालयों की जिम्मेदारी सौंपी गई जिसमें गृह, परिवहन, निषेध, संसदीय कार्य, कानून और उत्पाद शुल्क जैसे प्रमुख विभाग शामिल थे
2012 में इन्हें नारनपुरा विधानसभा सीट से टिकट प्राप्त हुआ, इस सीट पर इन्होंने कांग्रेस पार्टी के डॉ जीतूभाई बी. पटेल को लगभग 60000 वोटों से हराया, जिसके बाद इन्हें 2013 में भारतीय जनता पार्टी के संगठन में बहुत बड़ी जिम्मेदारी देकर गुजरात सरकार के भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव के रूप में नियुक्त किया गया
इसके बाद  वर्तमान प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र भाई मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बीजेपी की ओर से बनाया गया, इस चुनाव में अमित शाह जी ने नरेंद्र मोदी का प्रचार बड़ी जोर शोर से किया, इसका परिणाम यह हुआ, कि नरेंद्र भाई मोदी 2014 के चुनाव में जीत कर प्रधानमंत्री बने इसके बाद इन्हें 2014 में संगठन की सबसे बड़ी जिम्मेदारी भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में प्राप्त हुई 
भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में कार्य करते हुए हमेशा जीने बीजेपी को कई चुनाव जीता है, इसी का परिणाम यह हुआ कि 2016 में भी इन्हें भारतीय जनता पार्टी का अध्यक्ष चुना गया
2017 में ने गुजरात सीट से राज्यसभा में राज्यसभा सदस्य के रूप में मनोनीत किया गया, फिर 2019 में अमित शाह जी को पार्टी की ओर से गांधीनगर सीट पर लोकसभा चुनाव में टिकट प्राप्त हुआ, इस चुनाव में इनका मुकाबला कांग्रेस के डॉ. सी. जे. चावड़ा के साथ था, जिसमें अमित शाह ने लगभग 5000 वोटों से जीत दर्ज की थी।
इस चुनाव में हमेशा द्वारा लालकृष्ण आडवाणी जी का 4.83 लाख वोट्स का रिकॉर्ड भी टूटा था। इसी के साथ भारतीय जनता पार्टी ने लोकसभा चुनाव में 303 सीटें प्राप्त कर बहुमत का आंकड़ा पूर्ण किया था इसी चुनाव के बाद अमित शाह जी  और नरेंद्र मोदी जी की जोड़ी को दमदार बताया गया । और अमित शाह जी को चाणक्य की उपमा दी जाने लगी
अमित शाह जी के मेहनत को देखते हुए उन्हें भारत के गृह मंत्री के रूप में मनोनीत किया गया, और 2019 में लोकसभा चुनाव जीतने के बाद अमित शाह जी गृहमंत्री बने



अमित शाह के गॄहमंत्री रहते लिए गए फैसले

अमित शाह जी के 2019 में गृह मंत्री बनने के बाद ही कई अहम  फैसले इनके द्वारा लिए गए 



जम्मू & कश्मीर से धारा 370 हटाना

नरेंद्र भाई मोदी जैसे ही 2019 में जब दूसरी बार प्रधानमंत्री बने और उनकी कैबिनेट में अमित भाई शाह ने गृहमंत्री का पद ग्रहण किया इसके बाद उन्होंने सबसे पहले जम्मू एंड कश्मीर से धारा 370 व 35A को संसद में The Jammu and Kashmir Appropriation Bill, 2020 के रूप में कानून बनाकर निरस्त किया गया एवं जम्मू कश्मीर और लद्दाख को केंद्र शासित प्रदेश का दर्जा दिया गया 
ऐसा माना जाता था, कि जम्मू एंड कश्मीर से धारा 370 और 35a को नहीं हटाया जा सकता लेकिन अमित भाई साहब के गृह मंत्री रहते हुए, यह कार्य बड़ी सूझबूझ वह सरलता से किया गया और इन धाराओं के हटने के बाद भी गृह मंत्री अमित शाह जी ने जम्मू कश्मीर में अशांति नहीं फैलने दी।



आतंक विरोधी कानून

नरेंद्र मोदी जी द्वारा आतंकवादी गतिविधियों के लिए जीरो टॉलरेंस की नीति को आगे बढ़ाते हुए अमित शाह जी (Amit shah in hindi) और सरकार द्वारा एक गैरकानूनी गतिविधियाँ (रोकथाम) संशोधन विधेयक (Unlawful Activities (Prevention) Amendment bill) लाया गया जिससे कि आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त व्यक्ति की संपत्ति जप्त करने का अधिकार को शक्ति प्राप्त हुई



तीन तलाक़ (triple talaaq)

भारतीय जनता पार्टी के मेनिफेस्टो में ट्रिपल तलाक को हटाने का जो वादा किया गया था इसके लिए नरेंद्र मोदी जी की सरकार कई बार तीन तलाक़ बिल को पास कर अधिनियम बनाने की कोशिश की, लेकिन वे सफल नहीं हो पाए थे इसके बाद नरेंद्र मोदी जीके दूसरी बार प्रधानमंत्री बनने और अमित भाई शाह के गृह मंत्री रहते हुए सरकार तीन तलाक बिल को अधिनियम का रूप देने में सफल हुई



NRC का मुद्दा

देश में बढ़ रहे अपराध और आतंकवादी गतिविधियों को रोकने के लिए अमित शाह द्वारा एक कदम उठाया गया, जिसे एनआरसी नाम दिया गया, जिससे यह पता चल सके कि कौन व्यक्ति भारतीय है, और कौन देश में गैर कानूनी और असंवैधानिक रूप से रह रहा है, ऐसे लोगों को आईडेंटिफाई करके उन्हें उनके देश वापस भेजा जा सके, सबसे पहले असम में एनआरसी सन 1958 में किया गया था, जिसे संपूर्ण देश में लागू करने की सरकार की योजना है

एनआरसी क्या होता है, हम अच्छे से  जानते हैं , NRC का मतलब  राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर  (national register of citizen)  इसके अंतर्गत देश के नागरिकों का एक रजिस्टर तैयार किया जाता है जिससे यह पता चलता है कि कौन व्यक्ति भारतीय है और एनआरसी वास्तव में ऐसी प्रक्रिया है जिससे देश में गैर-कानूनी तौर पर रह विदेशी लोगों को खोजने की कोशिश की जाती है



 नागरिक संशोधन कानून 2019 (Citizen amendment act in Hindi)

मोदी सरकार ने 2018 में वादा किया था कि वह नया नागरिकता कानून लाएगी और 2019 में भाजपा के सत्ता में आते ही वादे को पूरा किया गया, चलिए जानते CAA ( नागरिक संशोधन कानून) क्या है. 
इस कानून के अंतर्गत पाकिस्तान बांग्लादेश और अफगानिस्तान से विस्थापित हुए हिंदू ,सिख ,ईसाई ,पारसी और बौद्ध जो 31 दिसंबर 2014 की निर्णायक तारीख से पहले भारत में आए होंगे, वह इस कानून के अंतर्गत भारत के नागरिकता के पात्र हो गए और उन्हें वह सभी सुविधाएं और अधिकार दी जाएगी जो एक भारतीय नागरिक को प्राप्त होती है| जिसका भारत में बहुत बड़े तौर पर विरोध किया गया और इसके लिए कई आंदोलन (Caa protest) भी किए



श्री अमित शाह द्वारा संभाले गए  पदों का विवरण-
अमित शाह का परिवार
सहकारी क्षेत्र में- भारत के 367 जिला सहकारी बैंकों के लीड बैंक अहमदाबाद जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन के रूप में (22 जनवरी, 2000 से 22 दिसंबर, 2002 तक) कार्यरत रहे. 
निदेशक- गुजरात स्टेट अर्बन कोऑपरेटिव बैंक फेडरेशन लिमिटेड।
निदेशक- नेशनल फेडरेशन ऑफ अर्बन कोऑपरेटिव बैंक एंड क्रेडिट सोसायटी, दिल्ली।
निदेशक- अहमदाबाद सेंट्रल कंज्यूमर कोऑपरेटिव फेडरेशन लिमिटेड।
निदेशक- गुजरात स्टेट कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन लिमिटेड।
संप्रति- निदेशक- गुजरात स्टेट कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड।
निदेशक- अहमदाबाद डिस्ट्रिक्टै कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड।
खेल के क्षेत्र में- अध्यक्ष- गुजरात क्रिकेट एसोसिएशन
अध्यक्ष- गुजरात स्टेट चेस एसोसिएशन (23 अप्रैल 2006 से 18 अप्रैल 2010 तक)
सदस्य- भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड वित्त समिति (24 सितंबर 2009 से)
उपाध्यक्ष- गुजरात क्रिकेट एसोसिएशन (15 सितंबर 2009 से 13 जून 2014)
कार्यकारी सदस्य-सेंट्रल बोर्ड ऑफ क्रिकेट, अहमदाबाद
सदस्य-भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड की कार्यकारी और कार्यसमिति
अन्य पद: # अमित शाह 22 फरवरी, 2016 से सोमनाथ ट्रस्ट गुजरात के ट्रस्टी हैं।

अमित शाह जी के पास कितनी संपत्ति है.

अमित शाह जी की संपत्ति प्रधानमंत्री ऑफिस की ऑफिशियल साइट www.pmindia(dot)gov(dot)in  के अनुसार हमें चाची की संपत्ति 2019 में 32.3 करोड रुपए थी जो 2020 में घटकर 28.6 करोड़ रह गई है. 
अमित शाह के पास कुल 13.66 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति है जिसमें से 7.85 करोड़ रुपए इनकी पत्रक  संपत्ति है. 
तथा चल संपत्ति में इनके बचत खाते में लगभग 1,04,29,749 रुपए जमा है, 44.4 लाख रुपए की ज्वेलरी और 3,08,000 रुपए अनकोटेड सिक्योरिटी और 13.54  करोड रुपए कोटक सिक्योरिटी तथा रुपए फिक्स डिपॉजिट में जमा है



अमित शाह नेट वर्थ
नाम अमित शाह
नेट वर्थ (2021)
भारतीय रुपए में शुद्ध मूल्य 28.6 करोड़
व्यवसाय राजनेता

जानिए, अमित शाह के बारे में कुछ तथ्य 

  • अमित शाह जी एक बिजनेस पृष्ठभूमि वाले परिवार से ताल्लुक रखते हैं उनका परिवार राजनीतिक पृष्ठभूमि वाला नहीं था
  • अमित शाह जी बचपन से ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ आरएसएस से जुड़ चुके थे.
  • अमित शाह जी का पैतृक घर मानसा में हेरिटेज बिल्डिंग के रूम में शुमार है.
  • शाहजी को डायरी लिखने का शौक है, जिसे उन्होंने आज तक बनाए रखा है, वे आज भी अपने जीवन के बारे में डायरी में लिखते हैं।
  • अमित शाह जी  फर्जी मुठभेड़ कांड में एक बार जेल भी जा चुके हैं।
  • 2002 में गुजरात में अमित शाह सबसे कम उम्र में गृह राज्य मंत्री बने।
  • अमित शाह को शतरंज के अच्छे खिलाड़ी माने जाते हैं। इसके अलावा उन्हें शास्त्रीय संगीत सुनना भी पसंद है। 
  • ऐसी पहली महिला मुख्यमंत्री के बारे में जिन्होंने एक प्राइवेट स्कूल में बतौर अध्यापिका काम किया है.